नई दिल्ली, N.I.T : केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली की ओर से दर्ज कराए गए आपराधिक मानहानि मामले में दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर मुकदमा चलाने की अनुमतिदे दी है. अदालत ने इस मामले में उनके अलावा आम आदमी पार्टी के पांच अन्य नेताओं आशुतोष, संजय सिंह, कुमार विश्वास, राघव चड्ढा और दीपक वाजपेयी पर भी आरोप तय कर दिए हैं. अब इन सभी को ट्रायल का सामना करना पड़ेगा.

इससे पहले दिल्‍ली हाईकोर्ट ने बीती एक मार्च को अरुण जेटली के बैंक खातों, आयकर रिटर्न और अन्य वित्तीय रिकॉर्ड उपलब्ध कराने के लिए दायर की गई अरविंद केजरीवाल की याचिका खारिज कर दी थी. हाईकोर्ट ने याचिका के बारे में कहा था कि वह ‘बेवजह की पूछताछ’ है.

दिसंबर 2015 में दिल्ली के मुख्यमंत्री कार्यालय में सीबीआई के छापे के बाद आम आदमी के इन नेताओं ने जेटली पर आरोप लगाया था कि उनके कार्यालय में डीडीसीए के कथित घोटाले की फाइलें आई थीं, लेकिन केंद्रीय वित्त मंत्री ने सीबीआई से छापा मरवाकर उन फाइलों को गायब करा दिया. इन नेताओं ने आरोप लगाया था कि यह घोटाला जेटली के डीडीसीए अध्यक्ष रहते हुआ था. इन नेताओं ने कई दिनों तक सोशल मीडिया पर जेटली के खिलाफ अभियान भी चलाया था.

इस पूरे मामले पर अरुण जेटली का कहना था कि इन आरोपों से उनकी छवि धूमिल हुई है. उन्होंने केजरीवाल के साथ ही आम आदमी पार्टी के इन नेताओं पर मानहानि का मुकदमा करते हुए में 10 करोड़ रुपये के मुआवजे की मांग की थी. अरुण जेटली करीब 13 साल तक डीडीसीए के अध्यक्ष रहे हैं और 2013 में उन्होंने यह पद छोड़ दिया था.