नई दिल्ली, N.I.T : सरकार ने शिक्षण संस्थानों की ‘इंडिया रैंकिंग्स-2017’ जारी की है. इसमें देश के शीर्ष-10 संस्थानों में आईआईएससी (इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंसेज)-बेंगलुरू को शीर्ष स्थान मिला है. जबकि देशविरोधी नारेबाजी के लिए चर्चा में रहे जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) को ओवरऑल सूची में छठां और विश्वविद्यालयों की सूची में दूसरा स्थान मिला है. दिल्ली के मिरांडा हाउस ने कॉलेजों में अव्वल स्थान हासिल किया है.

मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा जारी रैकिंग के मुताबिक, देश के शीर्ष-10 संस्थानों में सात आईआईटी (भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान) मद्रास, बॉम्बे, खड़गपुर, दिल्ली, कानपुर, गुवाहाटी और रुड़की शामिल हैं. जबकि बीएचयू (बनारस हिंदू विश्वविद्यालय) इस सूची में 10वें नंबर पर है. हालांकि बीएचयू को यूनिवर्सिटियों में तीसरा स्थान मिला है. विश्वविद्यालयों में कोलकाता की जाधवपुर यूनिवर्सिटी को पांचवां स्थान मिला है, जिसके छात्रों को भी जेएनयू की तरह देशविरोधी होने के आरोपों का सामना करना पड़ा था.

नेशनल इंस्टीट्यूशनल रैकिंग फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ) के 20 मानकों के आधार पर शिक्षण संस्थाओं का आकलन किया गया है. इन मानकों में अध्यापन/सीखने के स्रोत, छात्रों के रोजगार पाने का स्तर और सामाजिक व लैंगिक समानता की स्थिति जैसे विषय शामिल हैं. इस आकलन में संस्थानों में शोध की गुणवत्ता और नौकरी देने वालों की राय को भी शामिल किया गया है.

सोमवार को यह रैंकिंग जारी करते हुए केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा, ‘जाधवपुर और जेएनयू को अच्छी रैंकिंग अफजल गुरु के लिए नारेबाजी की वजह से नहीं, बल्कि अच्छे कामों से मिली है.’ केंद्र सरकार ने सितंबर-2015 में यह रैंकिंग व्यवस्था विकसित की थी. इसके तहत इस बार देश के 3,300 संस्थानों ने इसमें भाग लिया. इस रैकिंग को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि संस्थाओं को सरकार से मिलने वाली वित्तीय मदद अब इस पर निर्भर करती है.