सहारा की एंबी वैली होगी नीलाम

50878-ueebykibip-1486379079

नई दिल्ली, N.I.T : बहुचर्चित सेबी-सहारा विवाद में बेहद सख्त कदम उठाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने सहारा समूह की एंबी वैली सिटी को नीलाम करने का आदेश दिया है. तय समय के भीतर सहारा द्वारा भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) के खाते में 5,092 करोड़ रुपए न जमा कराए जाने के बाद अदालत ने यह फैसला सुनाया. सहारा समूह ने जुलाई 2019 तक निवेशकों को पैसे लौटाने की योजना पेश की थी. सुप्रीम कोर्ट ने इसे बेहद लंबा बताया और एंबी वैली को नीलाम करने का आदेश दे दिया.

इससे पहले छह अप्रैल को सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि अगर कंपनी 13 अप्रैल तक पैसे नहीं जमा कराती है तो उसकी पुणे स्थित एंबी वैली को नीलाम कर दिया जाएगा. लगभग 10 हजार एकड़ में फैली इस परिसंपत्ति की मौजूदा कीमत 39,000 करोड़ रुपए आंकी जा रही है. रिपोर्ट के मुताबिक जस्टिस दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय बेंच ने बॉम्बे हाईकोर्ट को इस नीलामी के लिए ‘ऑफिशियल लिक्विडेटर’ नियुक्त किया है. इसके साथ ही उसने सहारा समूह के प्रमुख सुब्रत रॉय को 48 घंटे के भीतर बॉम्बे हाईकोर्ट को अपनी सारी संपत्ति की जानकारी देने का निर्देश भी दिया है.

शीर्ष अदालत ने सुब्रत रॉय को 28 अप्रैल को अदालत में पेश होने के लिए भी कहा. सहारा समूह द्वारा एंबी वैली में केवल शेयर होने की बात पर कोर्ट ने कहा कि सुब्रत रॉय को जेल जाने के लिए तैयार रहना चाहिए. शीर्ष अदालत ने यह भी कहा कि सुब्रत रॉय अपने हलफनामे से भाग नहीं सकते जिसमें उन्होंने 39,000 करोड़ रुपये की एंबी वैली को अपनी संपत्ति बताया है.

सेबी-सहारा विवाद सहारा समूह की दो कंपनियों सहारा इंडिया रियल एस्टेट कॉरपोरेशन और सहारा हाउसिंग इन्वेस्टमेंट कॉरपोरेशन द्वारा निवेशकों से पैसे जुटाने से जुड़ा है. इस मामले में सेबी ने अगस्त 2010 में दोनोंं कंपनियों के खिलाफ जांच का आदेश दिया था. सेबी का मानना था कि इन कंपनियों के निवेशक संदिग्ध हैं. इसके बाद यह मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, जिसने सहारा समूह को किस्तोंं में निवेशकों को 36 हजार करोड़ रुपए लौटाने का आदेश दिया था.

0 Comments

Leave a reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

CONTACT US

We're not around right now. But you can send us an email and we'll get back to you, asap.

Sending

Designed by Krypton Technology

Log in with your credentials

Forgot your details?