योगी राज में शिक्षा जगत पर माफिया राज कायम, फर्जी मार्कशीटों के सहारे गांव के कन्‍या जूनियर हाईस्‍कूल में प्रधानाध्‍यापिका के पद पर कबजा

Spread the love

फिरोजाबाद, N.I.T. : मोदी सरकार का ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ मिशन तभी पूरा होगा जब काबिल बेटियों को उनका उचित स्‍थान मिलेगा।

यदि अयोग्‍य बेटियां या महिलाएं भ्रष्‍टाचार एवं भाई-भतीजावाद के बल पर योग्‍य बेटियों का हक हड़पती रहीं तो एक अच्‍छे मिशन को ग्रहण लगना तय है।

कौन नहीं जानता कि शिक्षा जैसे पावन कार्य को व्‍यापार बना देने और शिक्षा जगत पर माफिया राज कायम हो जाने के कारण आज फर्जी शिक्षकों की नियुक्‍ति मोदी और योगी सरकार के लिए एक बड़ी चुनौती बन चुकी है।न्‍यापालिका भी अपने स्‍तर से इस बड़ी समस्‍या का समाधान करने की भरसक कोशिश कर रही है परंतु फिलहाल कोई ठोस नतीजा निकलता नजर नहीं आ रहा।उत्तर प्रदेश के जिला फिरोजाबाद अंतर्गत ब्‍लॉक नारखी के कन्‍या जूनियर हाईस्‍कूल से एक ऐसा ही आंखें खोल देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक कतई अशि‍क्षित महिला प्रधानाध्‍यापिका बनकर बैठी है और तमाम शिकवा-शिकायतों के बावजूद उसे कोई हिला तक नहीं पा रहा।

ग्राम प्रधानपति देवेन्‍द्रपाल सिंह उर्फ दन्‍नू इस मामले की गंभीरता के मद्देनजर राष्‍ट्रपति और प्रधानमंत्री से लेकर चीफ जस्‍टिस ऑफ इंडिया सहित मानव संसाधन विकास मंत्री, चीफ जस्‍टिस इलाहाबाद हाई कोर्ट, मुख्‍यमंत्री व बेसिक शिक्षा मंत्री उत्तर प्रदेश के अलावा फिरोजाबाद के जिलाधिकारी, मुख्‍य विकास अधिकारी एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी को भी लिखित शिकायती पत्र भेज चुके हैं परंतु कहीं से अब तक कोई कानूनी प्रक्रिया शुरू नहीं की गई है।

नारखी धौकल ग्राम प्रधानपति देवेन्‍द्रपाल सिंह के मुताबिक श्रीमती प्रवेश कुमारी को फर्जी मार्कशीटों के सहारे गांव के कन्‍या जूनियर हाईस्‍कूल में प्रधानाध्‍यापिका के पद पर काबिज कराने में उनके पति शिवराज सिंह की बड़ी भूमिका रही है।

दरअसल, शिवराज सिंह पूर्व में फर्रूखाबाद के स्‍वामी रामप्रकाश आदर्श इंटर कॉलेज, तिराहा मुरहास में प्रवक्‍ता के पद पर कार्यरत रहे हैं। शिवराज सिंह एक लंबे समय तक इस कॉलेज के परीक्षा केंद्र प्रभारी भी रहे।

शिवराज सिंह ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए फर्जी कागजातों द्वारा अपनी पत्‍नी प्रवेश कुमारी को वहीं से हाईस्‍कूल तथा इंटर की परीक्षाएं अच्‍छे अंकों से पास करा दीं।
इसी प्रकार शिक्षा के क्षेत्र में अपने प्रभाव का इस्‍तेमाल करके कानपुर विश्‍वविद्यालय से संबद्ध फर्रूखाबाद के बद्री विशाल कॉलेज से बीए की डिग्री और फिर फर्रूखाबाद के ही राजकीय महिला महाविद्यालय से बीटीसी करवा दी।
सुनियोजित तरीके से यह सभी कागजी शिक्षा हासिल करने वाली प्रवेश कुमारी को नारखी के कन्‍या जूनियर हाईस्‍कूल में बतौर सहायक अध्‍यापिका नौकरी दिलवा दी गई और जैसे ही विद्यालय के प्रधानाध्‍यापक पन्‍नालाल सेवानिवृत्त हुए, वैसे ही
मात्र 4 वर्ष में प्रवेश कुमारी ने पन्‍नालाल का स्‍थान ग्रहण कर लिया, आज वो विद्यालय में शिक्षारत 100 से अधिक छात्राओं की प्रधानाध्‍यापिका हैं जिससे विद्यार्थियों का भविष्‍य पर प्रश्‍नचिन्‍ह लग चुका है।
शिकायतकर्ता देवेन्‍द्रपाल सिंह के मुताबिक प्रवेश कुमारी की फर्जी योग्‍यता का सच इसी सब से सामने आ सकता है कि वह न तो 10वीं तक के पहाड़े सुना सकती हैं और न पूरी अल्फाबेट बता सकती हैं।
देवेन्‍द्रपाल सिंह का कहना है कि इस सच्‍चाई का पता कोई भी उच्‍च अधिकारी कभी भी प्रवेश कुमारी का टेस्‍ट लेकर लगा सकता है।

देवेन्‍द्रपाल सिंह ने इस मामले की जांच उपरांत प्रवेश कुमारी व शिवराज सिंह के खिलाफ कठोर कानूनी कार्यवाही कर वेतन के रूप में अब तक प्राप्‍त धनराशि को ब्‍याज सहित वसूलने की मांग की है।
-new india times news team

इसे भी पढिए   कमालगंज : ग्रामीणो ने किया सपा के खिलाफ मतदान का बहिष्कार

CONTACT US

We're not around right now. But you can send us an email and we'll get back to you, asap.

Sending

Designed by  New India Times News Network

Nit tv

New India Times न्यूज 24X7 आपको प्रत्येक खबर से 24 घण्टे अपडेट  2014 -15

Log in with your credentials

Forgot your details?